छत्तीसगढ़टेक & ऑटो

लगभग 2 करोड़ की लागत से बोदागढ के नदी मे पुल तो बना, लेकिन करोड़ों की सड़क को ओव्हर लोड गाडियों ने धराशाई कर दिया !

खैरागढ़,बाजार अतरिया ! DNnews- बाजार अतरिया समीपस्थ ग्राम बोदागढ मे हरदी को को जोड़ने वाली सडक के बीच नदी मे लगभग तीन करोड़ की लागत से गुणवत्ताविहीन पुल निर्माण तो हुआ. लेकिन पुल निर्माण के लिए मटेरियल सप्लाई मे लगे गाड़ियों के चलने से सड़क बुरी तरह से खराब होने के कगार पर है. ग्रामीणो की मांग को देखते हुए साल भर पहले पहली बार बने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत अतरिया से बोदागढ के लिए सड़क निर्माण तो किया गया लेकिन साल भर मे ही यह सड़क दम तोडने लगी है.

▶️ ओव्हर लोड गाडियों ने सड़क का किया बुरा हाल

हालांकि सड़क निर्माण मे ठेकेदार को पांच साल तक सड़क का भरपूर रखरखाव करना है. लेकिन बोदागढ व हरदी के बीच बन रहे पुल निर्माण के ठेकेदार ने तो सड़क की वाट लगा दी है. पुर निर्माण मे लगे रेती ,गिट्टी, सीमेंट, छड़ आदि सप्लाई के लिए गाडियां ओव्हर लोड के कारण सड़क बुरी तरह से जर्जर होने लगा है. क्षमता से अधिक बड़ी गाड़ियों मे माल सप्लाई ही सड़क खराब होने का कारण बन चुका है. संबंधित विभाग का इस ओर जरा भी ध्यान नही है. और ध्यान देगा भी क्यों. क्योंकि इनके पास पुल ठेकेदार का जो कमीशन जा रहा है.

▶️ वर्षों पुरानी सडक निर्माण की मांग हुई थी पुरी

बतादें कि बोदागढ से बाजार अतरिया के लिए केवल कच्ची सड़क ही बना था. ग्रामीणो ने लंबे समय से मांग कर रहे थे कि बोदागढ से बाजार अतरिया का सड़क पक्का बन जाए. और बना भी. लेकिन साल भर हुआ नही कि सड़क भी दबने लगा है जिसका जिम्मेदार ग्रामीणो ने पुल निर्माण के ठेकेदार को ठहराया है.

▶️ नदी किनारे मिट्टी के कटाव के लिए बन रहे सिस्टम मे गड़बड़ी

बतादें कि पुल के आगे पिछे एप्रोच रोड बनना है. रोड बनने से पहले मिट्टी कटाव न हो इसके लिए कार्नर मे सीमेंट का बेस डाला जा रहा है जो पुरी तरह से गुणवत्ताविहीन है. शिकायत है कि यहां लगाए जा रहे घटिया मटेरियल, रेसिपी का ठिकाना नही. यहीं से ही समझ मे आता है कि कोरोना काल मे भी पुल निर्माण का काम चला जहां पर भी भारी अनियमितता देखी गई है. वर्तमान मे एप्रोच रोड के किनारे बन रहे सीमेंट के बेस से ही समझ आता है कि इनके द्वारा घटिया मटेरियल के साथ-साथ रेसिपी पर ध्यान नही दिया गया.

▶️ संबंधित विभाग नही करते सुपरविजन

प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत बन रहे पुलिया निर्माण का सुपरविजन समय समय पर होना चाहिए. ताकि गुणवत्ता पर ध्यान रखा जा सके. लेकिन यहां तो अंदरूनी इलाके व जिले के अंतिम छोर मे होने के कारण विभागीय अधिकारी केवल हवा हवाई ही सुपरविजन करते है. यही कारण है कि पुल निर्माण मे अनिमियता देखी जा रही है.

10 जुलाई को प्रकाशित खबर..

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Advertisement
Back to top button