rajnandgaov। 16 नवंबर, सुबह करीब 07:15 बजे, नरोत्तम साहू खेत में काम करने के लिए मजदूर ढूंढने जा रहे थे। रास्ते में उन्हें रामकुमार साहू का घर दिखाई दिया, जिसका दरवाजा खुला हुआ था। उन्होंने आवाज दी, “काका, क्या कर रहे हो?”, लेकिन जब कोई जवाब नहीं मिला, तो वे घर के अंदर गए। वहां उन्हें रामकुमार साहू जमीन पर पडे हुए मिले, और उनके शरीर से खून निकल रहा था।
यह देखकर नरोत्तम ने तुरंत ग्रामीणों को सूचित किया, और सभी लोग घटना स्थल पहुंचे। जांच के बाद यह पता चला कि रामकुमार की मृत्यु हो चुकी थी। सूचना पुलिस को दी गई, और पुलिस ने जांच शुरू की।


